हमीरपुर, 3 मई। हमीरपुर में डॉ. राधाकृष्णन राजकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के बाद अब जिला आयुर्वेदिक अस्पताल में संचालित किए जा रहे जिला कोविड स्वास्थ्य केंद्र में भी ऑक्सीजन प्लांट स्थापित किया जा रहा है। इसके लिए केंद्र सरकार की ओर से एक टीम ने आज यहां सर्वेक्षण किया है।

उपायुक्त देबश्वेता बनिक ने बताया कि कोरोना आपदा से ज़िला वासियों को राहत पहुँचाने के लिए ज़िला प्रशासन सरकार के सहयोग से हरसंभव प्रयास कर रहा है। हमीरपुर में ऑक्सीजन की उपलब्धता को बनाए रखने व भविष्य में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए स्थानीय सांसद एवं केंद्रीय वित्त एवं कार्पोरेट मामले राज्यमंत्री अनुराग ठाकुर ने भी गत दिवस कुछ जानकारी मांगी थी। चर्चा के दौरान केंद्र सरकार की ओर से यहाँ पर एक अतिरिक्त पीएसए ऑक्सीजन प्लांट की स्थापना की मांग रखी गई थी, ताकि भविष्य में आवश्यकता पड़ने पर इसे उपयोग में लाया जा सके। उनकी संस्तुति पर केंद्र से एक टीम आज यहां पहुंची है और प्लांट की स्थापना के लिए सर्वेक्षण का कार्य पूरा हो चुका है। आगामी 15 से 20 दिनों में यहां ऑक्सीजन प्लांट इंस्टाल हो जाएगा।

देबश्वेता बनिक ने कहा कि प्रदेश सरकार के माध्यम से हमीरपुर जिला के लिए पूर्व में ही केंद्र सरकार से एक ऑक्सीजन प्लांट स्वीकृत हुआ है जो कि राजकीय मेडिकल कॉलेज, हमीरपुर में स्थापित किया जा रहा है। 300 एलपीएम क्षमता के इस प्लांट का तकनीकी कार्य पूर्ण होते ही इसे एक-दो दिनों में चालू कर दिय़ा जाएगा। इसके अलावा अब डीसीएचसी में भी एक अतिरिक्त ऑक्सीजन प्लांट स्थापित होने से कोरोना संक्रमितों के उपचार में और भी सुविधा मिल सकेगी। इसके लिए उन्होंने केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री का आभार व्यक्त किया है।

जिला कोविड स्वास्थ्य केंद्र के नोडल ऑफ़िसर डॉ. अनिल वर्मा ने कहा कि ज़िला आयुर्वेदिक अस्पताल में 30 लाख की लागत से स्थापित होने वाला यह 120 एलपीएम का पीएसए ऑक्सीजन प्लांट 20 से 25 बिस्तरों को एक साथ निर्बाध रूप से ऑक्सीजन उपलब्ध कराने में सहायक होगा। यह ऑक्सीजन प्लांट डब्ल्यूएचओ टेक्नोलॉजी अप्रूव्ड प्लांट है, जिसे इंस्टाल करने में कम से कम 4 महीने का समय लगता है, मगर स्थिति को देखते हुए स्थानीय सांसद महोदय की ओर से इसे रिकॉर्ड 20 दिनों में लगवाने बारे आश्वस्त किया गया है।