करोड़ों के छात्रवृत्ति घोटाले में एक और निजी संस्थान पर कार्रवाई की तैयारी।

प्रदेश के बहुचर्चित 250 करोड़ रुपये से अधिक के छात्रवृत्ति घोटाले में सीबीआई नाइलेट के एक केंद्र के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करने की तैयारी में है। आरोप हैं कि छात्रवृत्ति हड़पने वाले इस संस्थान के पास करोड़ों की संपत्ति है। इसकी जांच करने के लिए सीबीआई मामला ईडी को सौंपने जा रही है।

सीबीआई की अब तक की जांच में 266 में से 28 निजी संस्थानों को घोटालों में संलिप्त पाया गया है। 11 संस्थानों की जांच पूरी हो चुकी है और आरोप पत्र दाखिल किए जा चुके हैं। 17 संस्थानों के खिलाफ जांच जारी है। तीन संस्थानों के खिलाफ सीबीआई ने चार्जशीट तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके तहत 12 से अधिक व्यक्तियों को चार्जशीट में नामजद किया जा सकता है।

हाल ही में तीन निजी शिक्षण संस्थान पर हुई है कार्रवाई
छात्रवृत्ति घोटाले में सीबीआई ने हाल ही में तीन निजी शिक्षण संस्थानों के प्रबंधकों, दो रजिस्ट्रार समेत सात लोगों को गिरफ्तार किया है। सीबीआई ने यह कार्रवाई सिरमौर जिले के कालाअंब के हिमालयन ग्रुप ऑफ प्रोफेशनल इंस्टीट्यूट, आईटीएफ टी शिक्षा समूह न्यू चंडीगढ़ और आईसीएल ग्रुप ऑफ कॉलेज हरियाणा संस्थान के खिलाफ की थी।
ऊना के निजी संस्थान की 4.42 करोड़ की संपत्ति हो चुकी अटैच

प्रवर्तन निदेशालय ने 1 अप्रैल को जिला ऊना के केसी एजूकेशनल एंड वेलफेयर सोसायटी पंडोगा की मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत 4.42 करोड़ रुपये की संपत्ति अटैच की थी। इस सोसाइटी पर आरोप है कि सोसायटी ने एससीएसटी और ओबीसी वर्ग के विद्यार्थियों को मिलने वाली छात्रवृत्ति के पैसों से दो प्लॉट खरीदे और एक भवन का निर्माण किया है। मनी लॉन्ड्रिंग के चलते ईडी मामले की जांच कर रही है।